
नई दिल्ली।
भारत को लेकर इजरायल 71, जापान 55, ऑस्ट्रेलिया 52, इटली 52, अमेरिका 51, जर्मनी 47, कनाडा 47, पोलैंड 46, स्वीडन 46, इंडोनेशिया 45, मेक्सिको 42 प्रतिशत सकारात्मक सोच रखते हैं। इसके साथ ही ब्रिटेन के 66 फीसदी लोग भारत के लिए सकारात्मक सोच रखते हैं। केन्या में 64 फीसदी, नाइजीरिया में 60 फीसदी, दक्षिण कोरिया में 58 फीसदी लोग भारत को लेकर पॉजिटिव सोच रखते हैं।
1950 में इसे स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने के बाद पहली बार 2017 में भारत के प्रधानमंत्री ने इजरायल का दौरा किया। पीएम मोदी के नेतृत्व में दोनों देशों के बीच संबंध में काफी मजबूती आई है। दोनों देशों के बीच के संबंध में काफी धीरे-धीरे विकास हुआ, लेकिन मोदी सरकार के नेतृत्व में इसमें काफी तेजी देखी गई।
भारत और इजरायल रक्षा, कृषि, तकनीक और ऊर्जा के क्षेत्र में व्यापार के अहम साझेदार हैं। 2020 से लेकर 2024 तक दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में कई बड़ी साझेदारी हुई है। दोनों देश सांस्कृतिक तरीके से भी आपस में जुड़े हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि भारत में यहूदियों का आगमन लगभग दो हजार साल पहले हुआ था।
इजरायल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू भी सहमति रखते हैं कि भारत इकलौता ऐसा देश है, जहां बड़ी संख्या में यहूदी रहते हैं, लेकिन फिर भी कभी उनके उत्पीड़न की घटना सामने नहीं आई।








