
उत्तर प्रदेश के विश्व प्रसिद्ध “तिगरी गंगा मेला” और गढ़ गंगा मेला आयोजन की तैयारी शुरू हो गई हैं। इसके लिए 5 किमी दायरे में तंबुओं का शहर बनाया जाएगा। इस बार पानी कम होने से गंगा का किनारा ही अधिक खाली हो गया है। जिसकी वजह से मेला लंबाई में अधिक रहेगा।
प्रत्येक विभाग ने कामों के टेंडर निकाल दिए हैं। तिगरी गंगाधाम पर जिलाधिकारी द्वारा बैठक करने के बाद लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने मेला का लेआउट तैयार करने का कार्य प्रारंभ कर दिया है। इस बार गंगा मेला को साफ-सफाई के साथ-साथ ग्रीन फील्ड भी बनाया जाएगा।
इसके लिए मेला परिसर में छह हजार से अधिक पौधों का रोपण किया जाएगा। क्योंकि, गंगा का पानी धीरे-धीरे कम हो रहा है। इसलिए लंबाई भी पिछले साल की अपेक्षा अबकी बार अधिक ही रहेगी। करीब पांच किलो मीटर के दायरे में प्रशासन ने मेला को बसाने की तैयारी की है।
मेले में आने वाले श्रद्धालु किराए पर तंबू ले सकेंगे। इसमें ठहरने से लेकर खाने तक की व्यवस्था की जाएगी। उसको बसाने के लिए टेंडर निकाला जाएगा। प्रशासन ठेकेदार को जगह उपलब्ध कराएगा। इस बार मेला में प्रशासन द्वारा वाई-फाई की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। ताकि, किसी भी तरह की परेशानी न हो।








