– अब टीबी का लक्षण दिखने वाले लोगों को जाँच कराने के लिए कर रहे हैं जागरूक लखीसराय, 17 फरवरीलखीसराय के बिलौरी गाँव निवासी 22 वर्षीय युवक राजन कुमार को खांसी की परेशानी हुई और परेशानी कम होने की बजाय बढ़ती ही रही थी। शरीर के वजन में भी लगातार गिरावट आ रही थी। यह सिलसिला 15 दिनों तक चलता रहा। इसके बाद उन्होंने स्थानीय अस्पताल लखीसराय में टीबी जाँच करायी। जहाँ जाँच में उनकी रिपोर्ट पाॅजिटिव आयी। जिसके बाद वह कुछ देर के लिए जरूर घबरा गया। किन्तु हिम्मत नहीं हारे और सकारात्मक उम्मीद के साथ सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में ही अपना इलाज शुरू करवाया। जहाँ उन्हें अस्पताल में जाँच रिपोर्ट पाॅजिटिव आने के बाद जरूरी दवाई उपलब्ध कराई गई। सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध सुविधाओं की बदौलत राजन टीबी को मात देने में सफल रहा। वहीं, पूरी तरह स्वस्थ हो चुके राजन अब अन्य लोगों को भी टीबी से बचाव के लिए जागरूक कर रहे हैं। वह खांसी, सर्दी, बुखार समेत टीबी के अन्य लक्षण वाले लोगों को यथाशीघ्र जाँच कराने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। साथ ही सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध सुविधाओं की भी लोगों को जानकारी दे रहे हैं। – इलाज के दौरान अस्पतालों में मिली बेहतर स्वास्थ्य सुविधा : राजन ने बताया, इलाज के दौरान अस्पतालों में मुझे बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिली और पूरी तरह निःशुल्क इलाज हुआ। इलाज के दौरान अस्पताल कर्मियों का काफी सहयोग मिला एवं कर्मियों ने मेरा काफी ख्याल रखा। जिसका परिणाम यह है कि मैं आसानी के साथ इस बीमारी को मात देने में सफल रहा। वहीं, उन्होंने बताया, अस्पताल में दवाई मिलने के साथ मैं नियमित रूप से चिकित्सा परामर्श के अनुसार दवाई का सेवन करने लगा। मुझे दो-तीन माह में ही लगने लगा कि मैं पूरी तरह स्वस्थ हो चुका हूँ। किन्तु, मैं दवाई की पूरी डोज पूरा करने के लिए छः माह तक दवाई का सेवन जारी रखा और अब मैं पूरी तरह स्वस्थ हूँ। – टीबी बीमारी होने पर घबराएं नहीं, अस्पतालों में उपलब्ध है समुचित जाँच और इलाज की मुफ्त सुविधा : सदर अस्पताल में तैनात टीबी के सीनियर पर्यवेक्षक कमल नयन पांडेय ने बताया, टीबी बीमारी होने पर घबराना नहीं चाहिए। बल्कि, लक्षण दिखते ही स्थानीय स्वास्थ्य संस्थान में जाँच करानी चाहिए। दरअसल, यह एक सामान्य बीमारी है और समय पर जाँच कराने से आसानी के साथ बीमारी से स्थाई निजात मिल सकती है। इसके लिए अस्पतालों में मुफ्त समुचित जाँच और इलाज की सुविधा उपलब्ध है। इसलिए, किसी भी व्यक्ति को इलाज के लिए खर्च की भी चिंता करने की जरूरत नहीं है। इसके अलावा सरकार द्वारा सहायता राशि भी दी जाती है। – ये हैं टीबी बीमारी का प्रारंभिक लक्षण :- – 15 दिन या इससे अधिक दिनों तक लगातार खांसी या बुखार रहना – बलगम में खून आना – एक माह या इससे अधिक दिनों तक सीने में दर्द रहना – लगातार शरीर वजन कम होना एवं कमजोरी महसूस होना।
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