संस्कार आधारित सहकारिता ही भारत के नवनिर्माण का पथ है

🌿 सहकार भारती – आगरा मंडल की मासिक बैठक कैंप कार्यालय, डी-37, न्यू आगरा में हुई

सहकारिता केवल एक आर्थिक ढांचा नहीं, बल्कि भारतीय जीवन मूल्यों पर आधारित सामाजिक चेतना का अभियान है।

सहकार भारती, इसी मूल भावना के साथ गाँव-गाँव, नगर-नगर में आत्मनिर्भर भारत की नींव रख रही है।

इसी लक्ष्य को साकार करने हेतु आगरा मंडल की मासिक बैठक दिनांक 21 मई 2025 को सहकार भारती के कैंप कार्यालय, न्यू आगरा में सौहार्दपूर्ण एवं अनुशासित वातावरण में सम्पन्न हुई। श्रीमती करुणा नागर जी (राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य एवं सह महिला प्रमुख, उत्तर प्रदेश) ने बैठक की अध्यक्षता की।

उन्होंने कहा कि “सहकारिता केवल संगठन नहीं, यह सेवा, समर्पण और सजगता की जीती-जागती परंपरा है। जब गाँव की चेतना, नगर की भागीदारी और राष्ट्र का दृष्टिकोण एक हो जाता है, तभी आत्मनिर्भर भारत का स्वप्न यथार्थ बनता है।” उन्होंने महिला नेतृत्व, युवा सहभागिता और ग्राम-केन्द्रित विकास को संगठन की आत्मा बताया। नम्रता सिंह जी (सह SHG प्रमुख, उत्तर प्रदेश) कार्यक्रम की मुख्य अतिथि रहीं।

नम्रता सिंह जी ने कहा कि “स्व-सहायता समूह केवल आर्थिक इकाइयाँ नहीं, बल्कि सामाजिक क्रांति के केंद्र हैं। जब महिलाएं संगठित होती हैं, तब वे परिवार, समाज और राष्ट्र को नेतृत्व देती हैं।”उन्होंने SHG नेटवर्क को नारी सशक्तिकरण का जीवंत उदाहरण बताया।

विशिष्ट अतिथि – श्री अनिल कुमार विधौलिया जी(एफपीओ प्रकोष्ठ प्रमुख, आगरा जिला एवं निदेशक, ओम गौरा फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी, जैतपुर कला) ने कहा कि “सहकारिता एक परंपरा है — जिसमें श्रम, साधना और सेवा का समन्वय होता है। जब किसान, श्रमिक और उद्यमी एक सूत्र में बंधते हैं, तभी समग्र सशक्तिकरण सम्भव होता है।” उन्होंने एफपीओ मॉडल और उत्पादन-आधारित सहकारिता की आवश्यकता पर बल दिया।

श्री राकेश शुक्ला जी (विभाग संयोजक, आगरा मंडल) ने बैठक का संचालन किया। श्री शुक्ला जी का संचालन संगठनात्मक अनुभव, समयबद्धता और प्रेरक शैली से परिपूर्ण रहा। उन्होंने बैठक को व्यवस्थित रूप से संचालित करते हुए प्रकोष्ठीय गठन, संगठन विस्तार और स्थानीय अभियान योजना पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया।

उन्होंने कहा कि “हर प्रकोष्ठ संगठन की धड़कन है। जब सभी प्रकोष्ठ संगठित होकर कार्य करें, तो सहकार भारती समाज की चेतना बन जाती है।” सहकारिता विचार को जन-जन तक पहुँचाने का कार्य जमीनी प्रकोष्ठ ही करते हैं। उन्होंने 31 मई एवं एक जून -2025 तक गोरखपुर मैं प्रदेश कार्यकारिणी में आगरा मंडल से अधिक से अधिक पदाधिकारियों से पहुँचने की अपील भी की।

प्रमुख घोषणाएँ एवं प्रकोष्ठ गठन:

बैठक में श्रम, दुग्ध, एसएचजी, एफपीओ, तथा अन्य प्रकोष्ठों के नव प्रमुखों का चयन किया गया। सभी प्रकोष्ठों को आगामी माह में स्थानीय प्रशिक्षण कार्यक्रमों, जन-जागरण अभियानों, तथा सहयोगात्मक योजनाओं की रूपरेखा प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।

प्रमुख उपस्थिति:

श्री के पी सिंह विभाग सह संयोजक आगरा मंडल

• प्रो. रतीश कुमार — संगठन कार्यकर्ता, आगरा महानगर

• श्री रोहित कुमार — महामंत्री, आगरा महानगर

• प्रो. पी.के. सिंह — संघ प्रमुख, आगरा महानगर

• डॉ. भूपेन्द्र सिंह — उपाध्यक्ष, आगरा महानगर

• श्री दुर्गेश पाण्डेय, श्रीमती नम्रता वरयानी, श्रीमती संध्या बघेल, श्रीमती राखी कुशवाह, श्रीमती प्रियंका चौहान, श्री सुशील कुमार, श्री विष्णु, श्रीमती सुनीता सहित अनेक समर्पित कार्यकर्ता बैठक में सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।

समापन एवं संकल्प-

धन्यवाद ज्ञापन विभाग सह-संयोजक श्री के.पी. सिंह द्वारा किया गया, जिसमें आपने सभी आगंतुकों एवं कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए संगठन को और सशक्त बनाने का आह्वान किया। सभी कार्यकर्ताओं ने सहकार भारती के विचार और मिशन को ग्राम-ग्राम, जन-जन तक पहुँचाने का सामूहिक संकल्प लिया।

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