भारत के स्मार्टफोन निर्यात ने छुआ 30 अरब डॉलर का रिकॉर्ड स्तर, एप्पल का सबसे बड़ा योगदान रहा 

नई दिल्ली।

भारत के स्मार्टफोन निर्यात ने 30 अरब डॉलर का रिकॉर्ड स्तर छू लिया। इसमें एप्पल का सबसे बड़ा योगदान रहा। सरकार की उत्पादन-लिंक्ड प्रोत्साहन (पीएलआई) योजना के चलते भारत के स्मार्टफोन निर्यात में ये बड़ी बढ़त देखने को मिली है। साल 2025 में स्मार्टफोन निर्यात में 47 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इससे पहले के 12 महीनों में यह आंकड़ा करीब 20.45 अरब डॉलर था।

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस हफ्ते एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि साल 2025 में भारत का कुल इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात 4 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा हो गया है। उन्होंने बताया कि सेमीकंडक्टर यानी चिप बनाने के नए कारखाने शुरू होने से आने वाले समय में निर्यात और रोजगार दोनों बढ़ेंगे।

भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मोबाइल फोन निर्माता देश बन चुका है। देश में बिकने वाले 99 प्रतिशत से ज्यादा मोबाइल फोन अब मेड इन इंडिया हैं। स्मार्टफोन के लिए पीएलआई योजना मार्च 2026 में खत्म होनी है, लेकिन सरकार इसे आगे बढ़ाने के विकल्पों पर विचार कर रही है।

सरकारी आंकड़े बताते हैं कि 2024-25 में देश में इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन लगभग 11.3 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया। साल 2021 में भारत में स्मार्टफोन का उत्पादन शुरू होने के बाद पहली बार 2025 में एप्पल के आईफोन का निर्यात 2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा हो गया, जो कि 2024 के मुकाबले करीब 85 प्रतिशत अधिक है। देश में एप्पल के कुल पांच आईफोन असेंबली प्लांट हैं, जिनमें से तीन टाटा ग्रुप और दो फॉक्सकॉन द्वारा संचालित किए जा रहे हैं।

SHARE