
नई दिल्ली।
केंद्र सरकार ने आयुध कारखानों के लगभग 65,000 पूर्व कर्मचारियों को नियमित सरकारी सेवा में स्थानांतरित कर उनका भविष्य सुरक्षित किया। इस अवसर पर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा पृथ्वी विज्ञान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, परमाणु ऊर्जा विभाग, अंतरिक्ष विभाग, कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार कर्मचारी कल्याण और प्रशासनिक दक्षता को मजबूत करने के लिए लगातार सुधारों को आगे बढ़ा रही है।
भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) और उससे संबद्ध कर्मचारी संगठनों का प्रतिनिधित्व करने वाले 19 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने रविवार को डॉ. जितेंद्र सिंह से मुलाकात कर सरकारी कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने कर्मचारी-केंद्रित सुधारों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार का आभार व्यक्त किया।
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कर्मचारी संगठनों की रचनात्मक भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि संस्थागत संवाद से शासन व्यवस्था मजबूत होती है और सरकारी कर्मचारियों तथा पेंशनभोगियों से जुड़े मामलों का समय पर समाधान संभव हो पाता है। प्रतिनिधिमंडल ने आयुध कारखानों के पूर्व कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति तक मानद प्रतिनियुक्ति बढ़ाने के समर्थन के लिए भी उनका आभार जताया।
जितेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों से जुड़े मामलों के समाधान के लिए परामर्शपूर्ण और उत्तरदायी दृष्टिकोण अपनाए हुए है। प्रत्येक उचित अभ्यावेदन पर संबंधित मंत्रालयों और विभागों के माध्यम से गंभीरता से विचार किया जाता है। उन्होंने कहा कि शासन व्यवस्था में सुधार, प्रक्रियाओं को सरल बनाने और प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने वाले सुझावों का सरकार हमेशा स्वागत करती है।










