
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘हर घर तिरंगा’ अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान करते हुए इस वर्ष प्रदेश के 5 करोड़ घरों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
सीएम योगी ने शुक्रवार को ‘हर घर तिरंगा’ अभियान, स्वतंत्रता दिवस और विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों में उत्तर प्रदेश ने इस अभियान को व्यापक जनभागीदारी के साथ सफल बनाकर देश के सामने उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने सभी सरकारी, अर्धसरकारी, सहायता प्राप्त संस्थानों, स्थानीय निकायों, शैक्षणिक संस्थानों, ग्राम पंचायतों, राशन की दुकानों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों और सामाजिक संगठनों को अपने भवनों पर तिरंगा फहराने के निर्देश दिए।
उन्होंने निर्देश दिए कि 14 अगस्त को लखनऊ सहित प्रत्येक जिला मुख्यालय पर विभाजन विभीषिका विषयक प्रदर्शनी आयोजित की जाए। कार्यक्रमों में पंजाबी, सिंधी और बंगाली समुदाय के साथ विभाजन से प्रभावित परिवारों तथा बांग्लादेश से आए शरणार्थी परिवारों को आमंत्रित कर उनके अनुभव साझा कराए जाएं। साथ ही विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में परिचर्चा, संवाद और विचार गोष्ठियों के माध्यम से युवाओं को विभाजन के इतिहास और राष्ट्रीय एकता के महत्व से अवगत कराया जाए।
उन्होंने कहा कि यह केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और देश के गौरवशाली इतिहास से जन-जन को जोड़ने का राष्ट्रीय अभियान है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि 14 और 15 अगस्त को प्रदेश के सभी सिनेमाघरों में राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान का अनिवार्य रूप से प्रसारण सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय ध्वजों के निर्माण, उपलब्धता और वितरण की समुचित व्यवस्था समय रहते सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों, खादी एवं ग्रामोद्योग संस्थाओं, एमएसएमई इकाइयों तथा स्थानीय उत्पादन केंद्रों को अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए। साथ ही राशन की दुकानों, ग्राम पंचायत भवनों, जन सेवा केंद्रों, तहसीलों, विकास खंड कार्यालयों, विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों, डाकघरों और पेट्रोल पंपों के माध्यम से आमजन को तिरंगा सहज उपलब्ध कराने पर जोर दिया।











